svargagat mein samaas : स्वर्गगत में कर्म तत्पुरुष समास है।
चित्रकार में समास है
गुणहीन में समास है
देशाटन में समास है
नेत्रहीन में समास है
जीवन मुक्त में समास है
कष्ट सहिष्णुता में समास है
हितकारी में समास है।
कठफोड़वा में समास है
हथघड़ी में समास है
यज्ञशाला में समास है
घृतान्न में समास है
अछूतोद्धार में समास है
भुखमरा में समास है
प्रेमाकुल में समास है
अंगदान में समास है
नीतियुक्त में समास है
वीरकन्या में समास है
यशोदा में समास है
विद्याधर में समास है
यशप्राप्त में समास है
मरणातुर में समास है
पाकिटमार में समास है
अनलदग्ध में समास है
लक्ष्य भ्रष्ट में समास है।
काकबलि में समास है
विधि निर्माण में समास है
देशभक्ति में समास है
आराम कुर्सी में समास है
रथचालक में समास है
गुरुसेवा में समास है
सिरदर्द में समास है
नरभक्षी में समास है
कपड़छन में समास है
शहरगत में समास है
मरणोत्तर में समास है
माया रिक्त में समास है
घृतमिश्रित में समास है
देश-विदेश में समास है
कष्ट साध्य में समास है
वनरहित में समास है
गंगाजल में समास है
कर्ज मुक्त में समास है
धनहीन में समास है
तिलकुट में समास है
उत्कंठापूर्ण में समास है।
स्वर्ग प्राप्त में समास है।
रोगमुक्त में समास है
ध्यानमग्न में समास है
पददलित में समास है
स्याही चूस में समास है
अत्रदान में समास है
शहरवास में समास है
मनगढंत में समास है
कठखोदवा में समास है
पथभ्रष्ट में समास है
सर्वज्ञ में समास है
सभा भवन में समास है
वाग्युद्ध में समास है
पुरुषोत्तम में समास है
कंटकाकीर्ण में समास है
श्रमजीवी में समास है
स्वागत गान में समास है
विकासोन्मुख में समास है
गौशाला में समास है
विश्राम गृह में समास है
तीर्थाटन में समास है
जलमग्न में समास है
अकाल पीड़ित में समास है
विद्या रहित में समास है
रंगमंच में समास है
कुंभकार में समास है।
अमचूर में समास है
पुत्र शोक में समास है
रणवीर में समास है
विद्युत मापी में समास है
रण विमुख में समास है
गृहस्थ आश्रम में समास है
मार्गव्यय में समास है
चिड़ियाघर में समास है