jitendriy mein samaas : जितेन्द्रिय में करण तत्पुरुष समास है।
समास विग्रह : इंद्रियों को जीतने वाला
जितेन्द्रिय में समास है
नगर निवास में समास है।
शोकाकुल में समास है
शक्तिहीन में समास है
स्वरचित में समास है
दु:खापन्नी में समास है
आँखोंदेखी में समास है
मनोहर में समास है
रेखांकित में समास है
रेलगाड़ी में समास है
भयाकुल में समास है
नेत्रसुखद में समास है
देवबली में समास है
अंधकारयुक्त में समास है
स्वागत गान में समास है
जलमग्न में समास है
घृतान्न में समास है
कपड़छन में समास है
शपथ पत्र में समास है
डिब्बाबंद में समास है
शत्रुघ्न में समास है
दुःखार्त में समास है
मुँहचोर में समास है
गुरुदत्त में समास है
काकबलि में समास है
जीवदानी में समास है
आराम कुर्सी में समास है
संकटापन्न में समास है
हितकारी में समास है।
जलधारा में समास है
सिर तोड़ में समास है
अंगदान में समास है
शिवार्पण में समास है
ग्रामवास में समास है
गंगाजल में समास है
व्यवहारकुशल में समास है
युद्धवीर में समास है
रसोईघर में समास है
जलसिक्त में समास है
आवेदन पत्र में समास है
गुरु दक्षिणा में समास है
गठकटा में समास है
जलाभिषेक में समास है
वीरकन्या में समास है
जग सुहाता में समास है
ज्ञानयुक्त में समास है
स्नानघर में समास है
लक्ष्य भ्रष्ट में समास है।
रोगमुक्त में समास है
यशप्राप्त में समास है
जलपिपासु में समास है
वनवास में समास है
कनकटा में समास है
नरश्रेष्ठ में समास है
नीतिकुशल में समास है
प्रेमातुर में समास है
जलहीन में समास है
दूरागत में समास है
घृतमिश्रित में समास है
कपड़छन में समास है
पुत्र शोक में समास है
विधानसभा में समास है
दस्तकारी में समास है
कष्ट साध्य में समास है
आमरस में समास है
कामचोर में समास है
गुणहीन में समास है
नेत्रहीन में समास है
रामायण में समास है
साधु दक्षिणा में समास है
पक्षधर में समास है
अत्रदान में समास है
तारों भरी में समास है
रथचालक में समास है
तिलकुट में समास है
अकाल पीड़ित में समास है
बंधन मुक्त में समास है
राहखर्च में समास है
सर्वज्ञ में समास है